ईस्ट इंडिया कंपनी ने चीनी व्यापार का एकाधिकार कब खो दिया? 

Explanation : ईस्ट इंडिया कंपनी ने चीनी व्यापार का एकाधिकार 1833 ई. में खो दिया था। 1833 के चार्टर एक्ट से भारत का प्रशासन 20 वर्षों के लिए कंपनी के अधीन छोड़ दिया गया। इस चार्टर के अनुसार कंपनी का चीन के साथ व्यापार एवं चाय के व्यापार पर भी एकाधिकार समाप्त कर दिया गया। बंबई एवं मद्रास प्रेसीडेंसी को पूर्णतः बंगाल के अधीन कर दिया गया। बंगाल के गवर्नर को अब भारत का गवर्नर-जनरल बना दिया गया। लॉर्ड विलयम बैण्टिंक भारत का प्रथम गवर्नर-जनरल बना।